राम अवतार जग्गी हत्याकांड: दोषी शूटर चिमन सिंह को सुप्रीम कोर्ट से जमानत,
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित राम अवतार जग्गी हत्याकांड में दोषी करार दिए गए शूटर चिमन सिंह को सोमवार को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। वर्ष 2003 में हुए चर्चित हत्याकांड में जिला अदालत द्वारा सुनाई गई आजीवन कारावास की सजा के खिलाफ दायर अपील पर सुनवाई करते हुए शीर्ष अदालत ने उसे अंतरिम जमानत प्रदान की है।

जानकारी के अनुसार, राम अवतार जग्गी हत्याकांड में जिला अदालत ने सुनवाई पूरी होने के बाद चिमन सिंह को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी। इसके बाद आरोपी ने फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। इसी अपील पर सुनवाई के दौरान सोमवार को सर्वोच्च न्यायालय ने उसे जमानत देने का आदेश दिया।
यह मामला वर्ष 2003 में हुए चर्चित राम अवतार जग्गी हत्याकांड से जुड़ा है, जिसने उस समय प्रदेश की राजनीति और कानून-व्यवस्था को लेकर व्यापक चर्चा बटोरी थी। मामले में लंबी न्यायिक प्रक्रिया के बाद जिला अदालत ने आरोपी को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी।
सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद भी मामले की सुनवाई जारी रहेगी। अंतिम निर्णय आरोपी की अपील पर विस्तृत सुनवाई के बाद ही होगा। फिलहाल शीर्ष अदालत के आदेश के बाद चिमन सिंह को अंतरिम राहत मिल गई है।
