संजू त्रिपाठी हत्याकांड में बड़ा उलटफेर, सभी 22 आरोपी बरी
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित संजू त्रिपाठी हत्याकांड में जिला एवं सत्र न्यायालय ने बड़ा फैसला सुनाते हुए सभी 22 आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया है। अदालत ने मामले में पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिलने के कारण सभी आरोपियों को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया। इस फैसले के बाद चर्चित हत्याकांड एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है।

मामले में पुलिस ने संजू त्रिपाठी की हत्या के पीछे संपत्ति विवाद और पुरानी पारिवारिक रंजिश को मुख्य वजह बताया था। पुलिस की जांच में संजू के भाई कपिल त्रिपाठी को मुख्य आरोपी बताते हुए हत्या की साजिश रचने का आरोप लगाया गया था। इसके बाद पुलिस ने इस मामले में कुल 22 आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार किया था।
मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से आरोपियों के खिलाफ कई दलीलें पेश की गईं, लेकिन अदालत में आरोपों को साबित करने के लिए पर्याप्त और ठोस साक्ष्य प्रस्तुत नहीं किए जा सके। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों और अभियोजन पक्ष की दलीलों पर विचार करने के बाद सभी आरोपियों को संदेह का लाभ देते हुए दोषमुक्त करने का आदेश दिया।
अदालत के इस फैसले ने संजू त्रिपाठी हत्याकांड की जांच और अभियोजन की कार्यप्रणाली को लेकर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। जिस मामले में पुलिस ने संपत्ति विवाद को हत्या की साजिश की प्रमुख वजह बताया था, उसी मामले में अभियोजन पक्ष अदालत के सामने आरोपियों का अपराध साबित नहीं कर सका। फिलहाल न्यायालय के फैसले के बाद इस बहुचर्चित हत्याकांड में सभी 22 आरोपियों को राहत मिल गई है।
