100 साल पुराने शिव मंदिर को हटाने के नोटिस पर विरोध, श्रद्धालुओं ने रेलवे को
बालोद। रेलवे कॉलोनी स्थित लगभग 100 वर्ष पुराने शिव मंदिर को हटाने के लिए रेलवे प्रशासन द्वारा जारी नोटिस के बाद स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं में आक्रोश व्याप्त है। श्रद्धालुओं ने इसे धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक विरासत पर प्रहार बताते हुए रेल प्रबंधक को ज्ञापन सौंपकर मंदिर को यथास्थान सुरक्षित रखने की मांग की है।

ज्ञापन में श्रद्धालुओं ने कहा कि यह शिव मंदिर वर्षों से क्षेत्र की धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र रहा है और बड़ी संख्या में लोग यहां नियमित रूप से पूजा-अर्चना करते हैं। मंदिर को हटाने से लोगों की धार्मिक भावनाएं आहत होंगी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि वे रेलवे के विकास कार्यों के विरोधी नहीं हैं, लेकिन विकास के साथ-साथ धार्मिक स्थलों की गरिमा और जनभावनाओं का भी सम्मान किया जाना चाहिए। उन्होंने रेलवे प्रशासन से मंदिर को यथास्थान सुरक्षित रखते हुए वैकल्पिक विकास योजना तैयार करने और नोटिस वापस लेने की मांग की है।
